मंगलवार, 1 दिसंबर 2009

चीनी सेना ने दी भारत को धमकी


जम्मू । लद्दाख सेक्टर में चीन से सटी नियंत्रण व अंतरराष्ट्रीय सीमा पर उथल-पुथल शुरू हो गई है हालात ये हैं कि चीनी सेना ने भारतीय पक्ष को किसी भी प्रकार के निर्माण करने पर 'हमला' बोलने की धमकी दे डाली है। नतीजतन इलाके में एक सड़क निर्माण का कार्य बंद हो गया है और इलाके में तैनात भारतीय सैनिकों को भी चीनी सेना ने बोरिया-बिस्तर समेटने की चेतावनी दी गई है।
जानकारी के मुताबिक लद्दाख के दमचोक इलाके में दोनों मुल्कों की सेना के बीच तनातनी का माहौल पिछले कुछ दिनों से बना हुआ है। चीनी सेना ने दमचोक के टी-प्वॉइंट और सीएनएन प्वॉइंट पर भारतीय सेना को एक सड़क निर्माण करने से रोका था। सिर्फ यही नहीं, चीनी सेना ने वहाँ तैनात भारतीय सेना के जवानों को अपनी चौकियाँ हटाने का अल्टीमेटम देते हुए 'गंभीर परिणाम' भुगतने की चेतावनी भी दी। सड़क निर्माण में चीनी अड़ंगे की बात को अधिकारी भी मानते हैं, जबकि भारतीय सेना को दी जाने वाली चेतावनी तथा अल्टीमेटम के मामले पर भारतीय सेना की लेह स्थित 14 कोर के अधिकारी चुप्पी साधे हुए हैं। हालाँकि रक्षा सूत्र मानते हैं कि चीनी सेना की चेतावनी के बाद इलाके में दोनों सेना आक्रामक मूड में हैं और फ्लैग मीटिंग में मामला सुलझाने का प्रयास नाकाम हो चुका है। लेह के डिप्टी कमिश्नर अजीतकुमार साहू भी मानते हैं कि सड़क के निर्माण पर चीनी सेना द्वारा न सिर्फ आपत्ति उठाई गई थी, बल्कि इलाके में घुसकर मजदूरों को धमकाया भी गया था। एक रिपोर्ट कहती है कि चीनी सेना ने भारतीय श्रमिकों की पिटाई भी की थी। उपायुक्त ने कुछ भी बताने से इनकार करते हुए कहा कि वे अपनी रिपोर्ट सरकार को भेज चुके हैं। हालाँकि 4 किमी सड़क बनना अभी बाकी है। ला का झमेला : लद्दाख सीमा पर जिस भी स्थान के नाम के अंतिम शब्द 'ला' हैं, चीनी सेना उसी पर अपना दावा करती जा रही है। इसका आधार वह यह बताती है कि ला जैसे अंतिम शब्दों वाले स्थान कभी तिब्बत के हिस्सा रहे हैं और तिब्बत भी चीन का भाग है। नतीजतन स्थिति यह है कि लद्दाख सेक्टर में चीन सीमा से सटे हर दूसरे-तीसरे स्थान पर चीनी सेना द्वारा अपना दावा जताने से तनातनी का माहौल पैदा हो चुका है, जिसे लेकर दोनों पक्षों में किसी भी समय झड़प की आशंका पैदा हो गई है। ताजा घटना के बाद माहौल इसलिए भी गर्माया है, क्योंकि जिस स्थान पर चीनी सेना ने अपना इलाका होने का दावा किया है वहाँ एक गर्म पानी का झरना है, जिसे चीनी सेना हथियाना चाहती है। इसकी खातिर वह उसके सामने वाले इलाके में चौड़ी व पक्की सड़क का निर्माण भी कर चुकी है, जिसके निर्माण पर कभी भी भारत ने आपत्ति प्रकट नहीं की थी।

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